एक राष्ट्रवादी ,हिंदूवादी जेष्ट इन्सान और उसकी संस्कारित नाती को बदनाम करने के पाप का परिमार्जन कभी नहीं किया जा सकता ?
एक पत्रकार है" कुमार केतकर "जो महाराष्ट्र में इंडियन एक्सप्रेस (लोकसत्ता) के लिए संपादकीय के तौर पर काम करते है साथ में दैनिक भास्कर के इन्टरनेट संस्करण के भी संपादक है .....
ये तो रहा शिष्टता से उनका परिचय ,पर पर पर ..............मै क्यों इस वेश्यावृत्ति जैसे पत्रकारिता करने वाले संपादक का शालीनता से उल्लेख करू? कारन परसों इस कुमार केतकर नाम के वेश्या ने कांग्रेस ( गाँधी ) नाम के ग्राहक को खुश करने के लिए दैनिक भास्कर के इन्टरनेट न्यूज़ के द्वारा शिवसेना प्रमुख के परिवार के एक सदस्य (नाती) पर आरोप लगाये की उस सदस्य ने किसी दुसरे धरम(यवन ) के युवक से "निकाह" किया है और इस "निकाह" शब्द पर इतना जोर दिया जैसे वेश्या कैसे अपने ग्राहक से मनमाना वसूलने के लिए एक ही दाम पर जोर देकर बात करती है ?और यह जोर शोर से कहा गया की उसने शादी के लिए धर्मातरण किया है ,जैसे वेश्या अपना सजना ,धजना और वेशभूषा बदलना जोर शोर से करती है , ग्राहक को खुश करने के लिए .
हलाकि इस खबर से दो दिन इन्टरनेट ( सोशल नेटवर्क ) पर हंगामा मच गया था ,इस खबर को देखते ही कही सेकुलर रंडिया भी बाजार में आ खड़ी हुई और क्या क्या दावा करने लगी ,ये देखते और सुनते ही पता चलता की बाजार रंडियों से ,वेश्यवो से ,दलालों से भर गया था और खुशिया मनाई जा रही थी .....जिस बालासाहब ठाकरे ने हिन्दुवाद के लिए जिंदगी भर दुनिया की ची थू सही थी . जोरो जोरो से उस बालासाहब ठाकरे जैसे वरिष्ट राष्ट्रवादी और हिंदूवादी नेता पर ची थू की जा रही थी ,........इसी दरम्यान हमारे कुछ हिन्दू दर्शक भी महाराष्ट्र के उत्तर भारतीय /मराठी विवाद के सन्दर्भ से आग उगल रहे थे उस कट्टर हिंदूवादी जेष्ट नेता पे, उस बेचारी लड़की ( बाल ठाकरे की नाती ) को भी अनाप शनाप गालिया बकी गयी हमारे हिन्दू भाई बहनों के तरफ से .............................एक तुक सोचा नहीं इन लोगो ने की यह खबर विश्वसनीय है की नहीं ? जिस वेश्या(कुमार केतकर ) ने इस झूट का पुलिंदा बड़े चालाकी से सबके सामने इन्टरनेट के द्वारा चित्रित किया था उसको जाचने का भी कष्ट नहीं किया ? क्या ये हम हिन्दू लोगो की अर्धसोच नुमा प्रतिक्रिया तो नहीं थी ?हमने उस बुड्ढ़े हिंदूवादी के जिंदिगी भर के हिन्दू धर्म के प्रति निष्ठा का अपमान तो नहीं किया एक वेश्यावृत्ति वाले पत्रकार के साजिश में फसकर ? एक संस्कारित परिवार की लड़की को नहीं नहीं वो कहकर बदनाम किया ?
जबकि शिवसेना प्रमुख के नाती नेहा ठाकरे ने डॉक्टर हौदे पर काम करने वाले मनन निपुण ठक्कर नाम के एक हिन्दू नौजवान से दोनों परिवार के रजा मंदी से हिन्दू शास्त्र निहित शादी रचाई .....................पर हम बेशरम हिन्दू भी उस पत्रकारिता के आड़ वेश्यावृत्ति ,रंडी बाजी और दलाली करने वाले सेकुलरो के झासे में आकर एक दर्शक बनकर बिना जाचे परखे भलाबुरा कहा उन दादा-नाती को ,इस पाप का परिमार्जन जितना हम करे उतना कम है ................
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